12 घंटे काम करने के नए नियम क्या है, अब हफ्ते में मिलेगा 3 दिन का Week Off

12 घंटे काम करने के नए नियम क्या है (12 Ghante Kaam Karne Ke Naye Niyam Kya Hai), श्रम मंत्रालय OSH संहिता 2020 के नियम के अनुसार अधिकतम 12 घंटे का ऑफिस टाइम का प्रस्ताव दिया है भारत सरकार 1 अक्टूबर से श्रम कानून के नियमों में फेरबदल करके काम करने के समय में बदलाव करने का प्रस्ताव लाने जा रही है।

12 घंटे काम करने के नए नियम क्या है

12 घंटे काम करने के नए नियम क्या है

काम करने के पुराने नियम क्या है

पुराने नियम के अनुसार आप हफ्ते में यदि 5 दिन काम करते हैं तो आपको रोजाना 9 घंटे का काम करना होता है और हफ्ते में 2 दिन की छुट्टी होती है और यदि आप हफ्ते में 6 दिन काम करते हैं तब आपको रोजाना 8 घंटे का काम करना होता है और 1 दिन की छुट्टी मिलती है यह है पुराने काम करने के नियम।

नए 12 घंटे काम करने के नियम क्या है

यदि यह नियम पास हुआ तो 1 अक्टूबर से आपके ऑफिस की टाइमिंग बढ़ जाएगी इस नए श्रम कानून के अनुसार 12 घंटे काम करने का प्रस्ताव दिया है 12 घंटे की वर्किंग में आप कौन छोटे ब्रेक भी दिए जाएंगे।

काम करने के नए नियम क्या है

नए नियम में काम करने के लिए आपको 12 घंटे की शिफ्ट दी जाएगी इस नियम के अनुसार प्रत्येक व्यक्ति को हर 5 घंटे के बाद 30 मिनट का ब्रेक देना अनिवार्य है हर 5 घंटे के बाद 30 मिनट का ब्रेक देने का नियम इस प्रस्ताव में रखा गया है और हफ्ते में आपको 3 दिन का अवकाश दिया जाएगा।

इस नियम को पारित होने के बाद यदि आप 15 से 30 मिनट का अतिरिक्त कामकाज करते हैं तो इसको ओवरटाइम में शामिल किया जाएगा। संतु पुराने नियमों के अनुसार यदि आप 30 मिनट से कम समय का अतिरिक्त कार्य ऑफिस में करते हैं तो उसको ओवरटाइम में नहीं माना जाता है।

क्या प्रभाव पड़ेगा इस नए नियम को लागू करने पर

यदि इस नियम को पारित कर दिया गया तो आपकी ग्रेच्युटी और पीएफ में आपका योगदान बढ़ाया जाएगा जिससे आपको आपके रिटायरमेंट के बाद एक अच्छी धनराशि आपके हाथ में आएगी जिससे आप अपना सुखी जीवन व्यतीत कर सकते हैं।

इस नियम के आने से अधिकारियों या फिर जिनका वेतन अधिक है उन पर ज्यादा प्रभाव पड़ेगा क्योंकि इस नए नियम में ग्रेच्युटी और पीएफ अधिक काटने का प्रस्ताव रखा गया है पीएफ बढ़ने से कंपनियों के खर्चों में बढ़ोतरी होगी।

कर्मचारियों जितना अधिक पीएफ देंगे उतना ही पीएफ में योगदान कंपनी को देना पड़ेगा इन सब चीजों में बढ़ोतरी होने की वजह से कंपनी की बैलेंस शीट भी प्रभावित हो सकती है।

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Kamlesh Kumar

मेरा नाम कमलेश कुमार है। मैं मास्टर इन कंप्यूटर एप्लीकेशन (Master in Computer Application) में स्नातकोत्तर हूं और CanDefine.com में एडिटर के रूप में कार्य करता हूँ। मुझे इस क्षेत्र में 3 वर्ष का अनुभव है और मुझे हिंदी भाषा में काफी रुचि है। मेरे द्वारा स्वास्थ्य, कंप्यूटर, मनोरंजन, सरकारी योजना, निबंध, जीवनी, क्रिकेट आदि जैसी विभिन्न श्रेणियों पर आर्टिकल लिखता हूँ और आपको आर्टिकल में सारी जानकारी प्रदान करना मेरा उद्देश्य है।

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