घरेलू उपाय से रोगों का इलाज और कुछ घरेलू देशी नुस्खे

घरेलू उपाय से रोगों का इलाज और कुछ घरेलू देशी नुस्खे (Gharelu Desi Nuskhe) बताये जा रहे है जिनसे आप कई रोगों ठीक कर सकते है। यहां हम कुछ छोटे-छोटे टिप्स दे रहे हैं जिनकी सहायता से बड़ी आसानी से, बिना धन व्यय किए आप बहुत से रोगों को शांत कर सकते हैं सब के सब अनुभवों पर खरे उत्तर चुके हैं। आप भी लाभ उठाएं। यहां हम कुछ उपायों का ज़िक्र कर रहे हैं, जिन्हें अपनाकर हम रोगों से छुटकारा पा सकते हैं। भले ही रोग छोटे हैं, मगर कई बार ये करते हैं। इनसे बचें। बहुत परेशान।

घरेलू उपाय से रोगों का इलाज और कुछ घरेलू देशी नुस्खे

घरेलू उपाय से रोगों का इलाज और कुछ घरेलू देशी नुस्खे
Gharelu Desi Nuskhe

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घरेलू उपाय से रोगों का इलाज

  1. दांत के दर्द से बेचैन हैं। अदरक का रस निकालें शहद में मिलाएं। दुखते दांत पर लगाएं। आराम पाएंगे।
  2. पेट में पीड़ा बनी है। अजवायन एक चम्मच लें। इसमें थोड़ा-सा (चुटकी भर नमक डालें। इसे खाकर गुनगुना पानी पी लें। पेट का दर्द नहीं
  3. लू लग गई हो, या धूप में जाने से पूर्व लू का बचाव करना चाहें तो प्याज़ खा लें। यदि आम का पन्ना पी सकें तो लू का प्रभाव पूरी तरह खत्म हो जाएगा।
  4. खांसी ने दुखी कर रखा है। न दिन को आराम और न ही रात को चैन। ऐसे में अदरक का अर्क लें, न हो तो अदरक का रस निकालें। बराबर मात्रा में शहद मिलाएं। दोनों एक-एक चम्मच इसे थोड़ा-थोड़ा कर दो-तीन बार चाटें। खांसी शांत रहेगी। जब तक ज़रूरी समझें, इसका उपयोग करें।
  5. मलेरिया का रोग हो या बेहोशी हो, दोनों के लिए मीठा नींबू सेवन करने से बड़ा आराम मिलता है।
  6. सिर में दर्द रहता हो। कई उपचार आजमा चुके हैं। बार-बार यह हो जाता हो, ऐसे में कहीं से गाय का घी एक वर्ष पुराना प्रबन्ध करें। इसमें राई घिसें। सिर पर लगाएं। बहुत आराम पाएंगे। बार-बार सिर दर्द नहीं हुआ करेगा।
  7. यदि किसी को लकवा हो जाए तो उसे इधर-उधर के सभी उपचार रोककर राई के तेल की मालिश करनी है। लाभ पाएगा।
  8. कान में दर्द बना रहता हो, जाने का नाम न ले तो के गुलाब शुद्ध इत्र का प्रबन्ध करें। इसकी कान में दो या तीन बूंद डालें। इससे दर्द नहीं रहेगा।
  9. रसोई में काम करते-करते कोई अंग जल जाए तो आलू छीलें काटें। इसे तुरन्त जले अंग पर लगाएं। आलू को कूट या पीसकर लगाएं तो और जल्दी लाभ होगा। यदि जलने के कारण घाव हो गया हो तो उसका भी यही उपचार है।
  10. किसी भी कारण से हड्डियों में दर्द रहती हो तो इसे शांत करने के लिए विषविल के पत्तों को कूट-पीसकर बांधें। इस पिसी विषविल को गरम-गरम बांधने से काफी आराम मिलेगा।

कुछ रोगों को घरेलू उपचारों से शांत करने या इनसे छुटकारा पाने के ये तरीके सरल हैं। इन्हें अपनाने में लाभ ही लाभ है।

घरेलू देशी नुस्खे

  1. होंठ खुश्क रहने लगें तो अपनी नाभि में एक-दो बूंदें सरसों का तेल लगाएं। होंठों का फटना बन्द हो जाएगा।
  2. छोटे बच्चों के हाथों-पांवों में कई बार सूजन आ जाती है। ऐसे में बथुआ करें। इसे उबालें। पानी बीच में ही सूखने दें। इसका हाथों-पांवों पर लेप करें। बच्चे के हाथों और पांवों की सूजन बैठ जाएगी।
  3. यदि किसी को मोतियाबिन्द का रोग हो जाए-डॉक्टर की देख-रेख में ताज़ा नींबू का रस निकालें। इसे छानें। इसकी दो बूंद आंखों में डालें। रोग नहीं रहेगा। मगर संभलकर करें।
  4. छोटे बच्चों को कई बार खांसी होती है तो होती ही रहती है। बच्चे के लिए यह बड़ी दुखदायी बन जाती है। बन्सलोचन पीसें। कपड़ छान करें। शहद में मिलाएं। बच्चे को दिन में चार बार चटाएं। खांसी ठीक हो जाएगी।
  5. कुछ महिलाएं अपने बाल लम्बे, घने, मुलायम तथा काले बनाए रखना चाहती हैं। बिना चीनी वाली, उबली हुई चाय की पत्ती को छाया में सुखा लें। अब इसे आंवले तथा शिकाकाई के चूर्ण की बराबर मात्रा में मिलाएं। इसे रात को (कुल एक मुट्ठी) भिगोकर रखें। प्रातः छानकर इससे सिर धोएं। सप्ताह में एक बार यदि सर्दी का मौसम हो और सप्ताह में दो बार यदि गर्मी का मौसम हो इसे प्रयोग करें। पूरा लाभ मिलेगा।
  6. कान में खुजली, कान में फुंसी, कान से पीप बहना अथवा एग्जिमा की ही शिकायत क्यों न हो जाए, ऐसे में तिल का तेल चार चम्मच लें। उसमें हरे नीम के पत्ते डालें। गर्म करें। जब पत्ते काले हो जाएं तो इन्हें निचोड़कर निकाल दें। इस तेल की बूंदें कान में डालने से पूरी तरह आराम मिलता है।
  7. इसी रोग के इलाज के लिए, तिल के तेल में पांच पत्ते नीम के तथा पांच ही पत्ते चमेली के डालें…इससे शीघ्र आराम मिलेगा। यदि किसी को शीतला निकल आए। आराम भी मिल जाए। मगर उस बच्चे के शरीर में गर्मी बनी रहती हो। इस गर्मी को निकालने के लिए गूलरों का रस निकालें-एक कप इसमें आवश्यकता अनुसार पिसी मिश्री डालें। मिलाएं। रोगी को पिलाएं। इससे आराम आने लगेगा। कुछ ही दिनों में पूरा आराम मिलेगा।

इन सरल उपायों को अपनाने से हम कई रोगों से छुटकारा पा सकते हैं। इन पर न खर्च होता है न ही कोई झंझट ही।

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अस्वीकरण – यहां पर दी गई जानकारी एक सामान्य जानकारी है। यहां पर दी गई जानकारी से चिकित्सा कि राय बिल्कुल नहीं दी जाती। यदि आपको कोई भी बीमारी या समस्या है तो आपको डॉक्टर या विशेषज्ञ से परामर्श लेना चाहिए। Candefine.com के द्वारा दी गई जानकारी किसी भी जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है।

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